Latest Dhokebaaz Shayari in Hindi ll DHokebaaz Quotes ll Dhokebaaz Shayari ll Dhokebaaz Shayari in Hindi ll. Share it on whatsapp, Facebook, Instagram.
दुनिया में धोखेबाज से बड़ा कोई दुश्मन नहीं है और धोखे से बड़ा कोई दुःख नहीं है। इंसान की असली पहचान बुरे वक्त में ही होती है। अधिकतर लोग बुरे समय में ही अपनी असलीयत दिखाते हैं। आज दुनिया में धोखा और धोखेबाज़ लोगों की कोई कमी नहीं है और आज का हमारा आर्टिकल धोखेबाज शायरी और धोखा शायरी पर है, धोखेबाज शायरी इन हिंदी या यूं कहें कि धोखेबाज शायरी स्टेटस कोट्स एसएमएस आदि का संपूर्ण कलेक्शन जो कि आप लोगों को काफी पसंद आएगा।
Dhokebaaz Quotes
महफिल में तो सब धोखेबाज है।
उनमें पराये कम, अपने ज्यादा मिलें।
वरना वो फरिश्ता तो मेरा ही था।
कमज़ोर नहीं और गहरा हो रहा है
धोका खा कर बताना बड़ा मुश्किल है.
मिल जाए तो भी और न मिले तो भी
Dhokebaaz quotes | dhokebaaz shayari dosti
पर धोखेबाज से हम बाजी हार जाते हैं।
उन्हें तो सख्त नफ़रत थी धोखेबाजों से।
जितना खाओगे उतनी अक्ल आती है।
ढूंढने की कोशिश की पर नहीं मिले वो,
मेने तो वफ़ाई की लेकिन.. उसके प्यार में शायद खोट था…
इसलिए तो किसी और के बाहों में खो गए वो… ।।
बातों के सिलसिले भी कम हो गए …
खुशियों से जायदा हमारे पास गम हो गया ,
क्या पता यह Wakt बुरा है या बुरे हम हो गए … ।।
हर हुस्न वालों से डर लगता है …
पहले अंधेरे की आदत नहीं थी मुझे ,
अभी उजालों से डर लगता है … ।।
Dhokebaaz shayari hindi
हमेशा चेहरे पर नकाब लेकर घूमते हैं यह लोग।
कि मेरी ज़िंदगी का हर मकसद छीन लिया।
तुझे मौत से न मिलवा दिया तो मेरा नाम बदल देना।
और मौत धोखा खा गयी!
हम तो एक बेवफा से प्यार कर बैठे
Dhokebaaz shayari in hindi for girlfriend
इसका मतलब ये तो नही,
की हम भरोसा करना छोड़ दे।
छुप गए इंसानियत और वफ़ा
बढ़ गये है धोखेबाज।
कभी इधर कभी उधर भटकता तेरा दिल
मुझे धोखेबाज सा लगता है।
धड़कन साथ देने से घबरा गयी
मुझे बहुत हिम्मत दी है
दिल ज़ख़्मी कर गए पता ही नहीं चला
Dhokebaaz shayari in hindi for boyfriend
मगर अब वो मेरी पहुंच से बाहर है,
पाकर भी करूंगा क्या,
वो तो हमेशा से एक धोखेबाज है।
हम वफा करें तो भी गुनहगार है,
ये खता तेरी नहीं जान मेरी,
ये तो वक़्त-वक्त की मार है।
जिसे चाहो वही अपने से दूर होता है,
दिल टूट कर बिखरता है इस कदर,
जैसे कोई कांच का खिलौना चूर होता है …. ।।
एक इशारे पे दुनिया छोड़ जाते हम,
समंदर के बीच में पहुच कर फरेब किया उसने,
वो कहता तो किनारे पर ही डूब जाते हम … ।।
गम को हमेशा के लिए अपना बना लिया …
अब जीने की चाहत न रही हमको,
इसलिए हमने अपनी मौंत का जनाजा खुद ही सजा लिया ||
दुनिया की इस भीड़ में खुद को तनहा न पाया …
तेरे दिए ज़ख्मो को प्यार समझते रहे ,
तेरे धोके में आके किसी से दिल न लगाया …. ।।
Dhokhebaj status | dhokebaaz shayari status
और तुम इसे मेरी , औकात समझ बैठे … ।।
बस इतना बताओ सुकून मिला की नहीं …. ।।
इन प्यार वाली बातों से , तुमने दूर रहना सीख दिया … ।।
और एक तू है के हस के बात कर रही है …
लहजे में माफी और आंखों में शरम तक नहीं ,
ये एक्टिंग का कोर्स तू ला जवाब कर रही है .. ।।
हर रोज युही खूद को रूठ जाने दे …
मेरी किस्मत में ही बेवफाई है ,
दिल एक शीशा है आज फिर फूट जाने दे …. ।।
यहां तो हर कोई बेवफा है …
इश्क करो भले जी जान से ,
धोखा यहां सबको मिलता है … ।।
Dhokebaaz shayari 2 line
खुद से पूछो, क्या तुम वही हो … ।।
जब भी लिखा गुनाह लिखा… ।।
खामोशियां मार देते है।।
लेकिन उसने मेरी मजबूरी को
धोखेबाजी का नाम दे दिया।
वो सारे दिये, कुछ अंधेरों की थी ,
साजिशें कुछ उजालों ने धोखे दिये … ।।
हमने तुम्हें औरों से अलग समझा।
और तुमने हमें औरों जैसा ही समझा।।
Best Dhokebaaz shayari in Hindi
हर याद पर दिल का दर्द ताजा हुआ,
सुनी थी सिर्फ लोगो से जुदाई की बाते,
आज खुद पर बीती तो हकीकत का अंदाजा हुआ
महफ़िल ए गैर से उन को फुरसत कब थी…
हम थे मोहब्बत में लोट जाने के काबिल ,
उस के वादों में वो हकीकत कब थी … ।।
मोहब्बत आग को सागर है फिर भी उतर गया कोई
प्यार में जखम का हिसाब बहुत पुरान है मेरे दोस्त,
जख्म दे गया कोई जख्म भर गया कोई … ।।
अब मेरी मौत का भी वो फायदा उठाती है,
मेरी क़ब्र पे फूल चढ़ाने के बहाने,
वो किसी और से मिलने जाती है … ।।
उस शाम गली में अगर मैं तुझसे ना टकराया होता …
जख्म मिलते तुझे भी अगर इश्क़ में मेरी ही तरह ,
अश्क़-ए-लहू कुछ तेरी आँखों ने भी बहाया होता … ।।
यादो में भी गम की परछाई मिलती हे,
जितनी भी दुआ करते हे किसी को पाने की,
उतनी ही उनसे बेवफाई मिलती है..!!
Dhokebaaz shayari for all dhokebaaz
धोखा मिलने के बाद भी चाहते है हम उनको .
वफ़ा करने वालो की कहाँ कदर है।
हर सख़्श उन्हें धोखेबाज़ लगते है।
जब ना किसी से मोहब्बत ना किसी से नफ़रत थी …
जिंदगी में एक मोड़ ऐसा आया मोहब्बत उससे हुई ,
और नफ़रत सारी दुनिया से हो गयी … ।।
जिंदगी मौत के पहलू में सो रही है …
उस बेवफा से ना पूछो मेरी मौत की वजह ,
वो तो जमाने को दिखाने के लिए रो रही है … ।।
धोका उतना ही महंगा हो जाता है …
ईमानदारी का दाम कोन जाने ,
यहां हर बेइमान राजा हो जाता है … ।।
गम तो ये है कि रकीबों सी निभाई तुमने …
कोई रजिश थी अगर तुमको तो मुझसे कहते ,
बात आपस की थी सबको क्यों बताई तुमने … ।।
जिंदगी मौत के साये में है फिर जिद्दी हो रही है …
बेवफा को बेखबर रखना मेरी मौत की खबर से ,
ज़माने के लिए आंसू है वो अंदर हंस रही है … ।।
जिसने रंगीन नहीं रखे आंसू …
वरना रात में भीग जाने वाले तकिये ,
हमारे राज बया कर देते … ।।




